: दंगल एक ऐसा खेल है, जो युवाओं को एक नई सीख देता है: महंत संजय दास
Thu, Jul 17, 2025
दंगल एक ऐसा खेल है, जो युवाओं को एक नई सीख देता है: महंत संजय दासस्वर्गीय रामनरेश यादव उर्फ दरोगा पहलवान की स्मृति में हुआ दंगल, देश के नामी गिरामी पहलवानों ने दिखाया अपना जौहरउत्तर प्रदेश केसरी अभिनायक पहलवान ने दिल्ली के सागर पहलवान को दी पटखनीअयोध्या। रामनगरी में कुश्ती के क्षेत्र में एक बड़ा दंगल का आयोजन हुआ। इस महा दंगल में जहां देश के अलग-अलग राज्यों के पहलवानों ने एक दूसरे को पटखनी देने का एक भी मौका नहीं छोड़ा। बता दें कि स्वर्गीय रामनरेश यादव उर्फ दरोगा पहलवान की स्मृति में आयोजित इस इस दंगल में चार चांद लगाने के लिए देश के कई जनपदों से आए पहलवानों ने अपना जौहर दिखाया। अयोध्या केसरी ओमवीर पहलवान की अगुवाई में आयोजित इस महादंगल के दौरान पागल बाबा लाडी और उनके विरोधी के बीच फ्री स्टाइल का मुकाबला शुरू हुआ। तो लोग अखाड़े की तरफ कूद पड़े। हालांकि इस मुकाबले में पागल बाबा लाडी नें जीत दर्ज की। वहीं देश के मशहूर रेसलर जम्मू कश्मीर के जावेद गनी पहलवान ने उत्तराखंड के पहलवान अजगर के बीच हुए मुकाबले का पार्षद सुल्तान अंसारी, पार्षद अनुज दास व पार्षद प्रतिनिधि लुल्लूर यादव ने हाथ मिलाकर कुश्ती का आगाज कराया। वहीं धर्मसम्राट श्रीमहंत ज्ञानदास जी महाराज के उत्तराधिकारी एवं संकट मोचन सेना राष्ट्रीय अध्यक्ष महंत संजय दास ने उत्तर प्रदेश केसरी कानपुर देहात के रहने वाले अभिनायक पहलवान व दिल्ली के सागर पहलवान का हाथ मिलवाया। 12 मिनट की इस कुश्ती में उत्तर प्रदेश केसरी अभिनायक पहलवान ने 10 मिनट के अंदर ही अपने दांव से दिल्ली के सागर पहलवान को पटखनी दी। संकटमोचन सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष बाबा संजय दास ने सभी पहलवानों को बधाई देते हुए इस आयोजन के लिए आयोजक ओमवीर की प्रशंसा की। विजेता उत्तर प्रदेश केसरी अभिनायक पहलवान को गदा भेंट किया और कहा कि यह दंगल एक ऐसा खेल है। जो युवाओं को एक नई सीख देता है। ऐसे आयोजनों के लिए आयोजक समिति को बहुत बहुत साधुवाद है। इस तरह के आयोजन समय-समय पर होते रहने चाहिए, जिससे नये पहलवानों की प्रतिभाएं निकलकर सामने आती हैं। इस दौरान मुख्य रूप से राष्ट्रीय पहलवान बाबा केशव दास, पहलवान राजेश दास, हनुमानगढ़ी के पुजारी हेमंत दास, समाजसेवी मोहम्मद इरफान उर्फ नन्हे मियां, पूर्व मंत्री तेजनारायण पांडेय पवन, डॉ. देवेशाचार्य, विराट दास, श्रीचंद यादव, पहलवान मनीराम दास, राकेश दास, रामपाल यादव, सुनील यादव, अरुण निषाद, शिवम श्रीवास्तव सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
: 10 दिवसीय राम कथा का हुआ भव्य शुभारंभ, उज्जैन से पहुंचे सौकड़ों रामभक्त श्रद्धालु
Thu, Jul 17, 2025
10 दिवसीय राम कथा का हुआ भव्य शुभारंभ, उज्जैन से पहुंचे सौकड़ों रामभक्त श्रद्धालुपारंपरिक वेशभूषा और धर्मध्वजाओं से सुसज्जित श्रद्धालुओं के साथ निकली भव्य शोभायात्राअयोध्या। मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम की जन्मभूमि अयोध्या धाम में गुरुवार से 10 दिवसीय राम कथा महोत्सव का शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर प्रथम दिन भव्य कलश यात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु सम्मिलित हुए इस राम कथा में उज्जैन से विशेष रूप से 400 से अधिक रामभक्त श्रद्धालु शामिल हुए हैं। जैसे ही रथ यात्रा प्रारंभ हुई, पूरा वातावरण जय श्रीराम के जयघोषों से गूंज उठा। पारंपरिक वेशभूषा और धर्मध्वजाओं से सुसज्जित श्रद्धालु रथ के साथ चलते हुए पूरे मार्ग को भक्तिमय बना रहे थे कथा का आयोजन छोटे छावनी परिसर में किया जा रहा है, जहां अयोध्या के प्रमुख साधु-संतों की गरिमामयी उपस्थिति भी रहेगी। आयोजन समिति ने बताया कि कथा का वाचन प्रतिदिन भजन, सत्संग और आरती के साथ होगा। श्रद्धालुओं के लिए रहने व प्रसाद की व्यवस्था भी सुचारु रूप से की गई है। आयोजन के संयोजकों ने बताया कि यह कथा केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि राम भक्तों के लिए आत्मिक जागरण और धर्मिक एकता का अवसर है। इस अवसर पर नगरवासियों के साथ देशभर से श्रद्धालुओं के आने की उम्मीद जताई जा रही है।
: जानकी निवास के महंत बने महामंडलेश्वर मदनमोहन दास महात्यागी
Mon, Jul 14, 2025
जानकी निवास के महंत बने महामंडलेश्वर मदनमोहन दास महात्यागीसंत-महंत एवं धर्माचार्यों ने उन्हें जानकी निवास प्रमाेदवन निमिया बाबा का स्थान की महंती साैंपी है, जिस पर वह अक्षरशा खरा उतरेंगे: महंत मदनमोहन दासअयाेध्या। रामनगरी की सुप्रसिद्ध पीठ जानकी निवास प्रमाेदवन का नया महंत महामंडलेश्वर मदनमोहन दास महात्यागी महाराज काे बनाया गया। साेमवार काे मंदिर प्रांगण में महंताई समाराेह का आयोजन हुआ। समाराेह में अयोध्याधाम के विशिष्ट संत-महंत, धर्माचार्यों ने साधुशाही परंपरानुसार महामंडलेश्वर मदनमोहन दास महात्यागी महाराज काे कंठी, चादर, तिलक महंती की मान्यता प्रदान किया। अपनी ताजपाेशी से वह बहुत ही अभिभूत दिखे। इस अवसर पर नवनियुक्त महंत महामंडलेश्वर मदनमोहन दास महाराज ने कहा कि संत-महंत एवं धर्माचार्यों ने उन्हें जानकी निवास प्रमाेदवन की महंती साैंपी है। जिस पर वह अक्षरशा खरा उतरेंगे। उनके द्वारा ऐसा काेई कार्य नही किया जायेगा, जिसमें महंत पद और मंदिर की प्रतिष्ठा धूमिल हाे। सदैव महंत पद की प्रतिष्ठा बनाकर चलेंगे। मठ का सर्वांगीण विकास करेंगे। मंदिर में ठाकुरजी की सेवा संग गाै, संत, विद्यार्थी, आगंतुक सेवा सुचार रूप से चलती रहेगी। जैसा गुरुदेव के समय से हाेती हुई चली आ रही है। आश्रम में सभी उत्सव, समैया, त्याेहार आदि परंपरानुसार मनाया जाता रहेगा। अंत में नवनियुक्त महंत मदनमोहन दास महाराज ने पधारे हुए संत-महंत, धर्माचार्यों काे अंगवस्त्र ओढ़ाकर भेंट-विदाई दिया। महंताई समाराेह में मणिरामदास छावनी के उत्तराधिकारी महंत कमलनयन दास, श्रीमहंत परमहंस वैष्णव दास, खाकचौक के श्रीमहंत बृजमोहन दास, कनक महल के श्रीमहंत महामंडलेश्वर सीताराम दास महात्यागी, तिकाेनिया मंदिर के महंत महामंडलेश्वर हरेराम दास, दिगंबर अखाड़ा के उत्तराधिकारी महंत रामलखन दास, महंत रामदास महात्यागी, बालयाेगी संत रामप्रिया दास, रामचरितमानस विद्यापीठ के महंत कमलादास रामायणी, महंत रामकुमार दास, बड़ाफाटक के महंत संदीप दास, नंदीग्राम चित्रकुटी मंदिर के महंत उत्तम दास, महंत रामलाेचन शरण, महंत अवधकिशाेर शरण, महंत राजन बाबा, पहलवान मनीराम दास, पूर्व पार्षद पुजारी रमेश दास, महंत प्रियाप्रीतम शरण, स्वामी छविराम दास, महंत प्रियाशरण, महंत भूषण दास, महंत राममिलन दास, समाजसेवी विकास श्रीवास्तव आदि माैजूद रहे।