Tuesday 13th of October 2026

ब्रेकिंग

पंचम दिवस पर श्रीराम कलेवा का हुआ सजीव मंचन, संत-महंतों और श्रद्धालुओं की उपस्थिति में राममय हुआ परिसर

अयोध्या नगर निगम के पार्षद कृष्ण गोपाल यादव ने सीएम योगी के बयान पर दी चुनौती

विधायक ने अधिकारियों के साथ किया पैदल निरीक्षण, सफाई, बिजली और आवागमन की व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश

भगवताचार्य स्मारक सदन की पौराणिक रामलीला के चतुर्थ दिवस भावपूर्ण मंचन, जयकारों से गूंजा रामलीला परिसर

सुल्तानपुर की बेटी अर्चना मिश्रा की भक्ति-संगीत में खास पहल, ‘मेरे महल अयोध्या’ भजन से मिली पहचान; काशी, मथुरा और उज्जैन

सुचना

Welcome to the DNA Live, for Advertisement call +91-9838302000

: चतुर्विशाति कुण्डात्मक महा साम्राज्य महायज्ञ में धूमधाम से मनाया गया भगवान वेंकटेश का पटृभिषेक

बमबम यादव

Mon, May 9, 2022

भगवान श्रीराम का चरित्र दर्पण के समान है जिसमें अपने आपको देखकर सुधार करो :गोपालकृष्णमाचार्य

प्रसिद्ध पीठ श्री हनुमान बाग में चतुर्विशाति कुण्डात्मक महा साम्राज्य पटृभिषेक नवाह्रिक महायज्ञ महोत्सव का उल्लास अपने चरम पर

अयोध्या। अयोध्या। रामनगरी अयोध्या के प्रसिद्ध पीठ श्री हनुमान बाग में चतुर्विशाति कुण्डात्मक महा साम्राज्य पटृभिषेक नवाह्रिक महायज्ञ में 51 वैदिक आचार्य आहुतियां डाल रहे है। पूरा हनुमान बाग मंदिर परिसर दक्षिण परम्परा के पूजा पद्धति के वातावरण से सराबोर है। कार्यक्रम में प्रातःकाल ही वाल्मीकीय पारायण पाठ का सस्वर पाठ 108 वैदिक आचार्यों द्धारा किया जा रहा है। तो देर शाम वाल्मीकीय रामायण की कथा का रसास्वादन दक्षिण से चल कर आये प्रख्यात विद्धान गोपालकृष्णमाचार्य करा रहे हैं। ये पूरी कथा तेलूगु भाषा में हो रही है। जिसका हिंदी में व्याख्यान हनुमान बाग के आचार्य कर रहे है।
चतुर्विशाति कुण्डात्मक महा साम्राज्य पटृभिषेक नवाह्रिक महायज्ञ महोत्सव के अवसर पर  रामायण महाकाव्य के माध्यम से भगवान श्रीराम के मंगलमयी चरित्र का वर्णन करते हुए गोपालकृष्णमाचार्य जी महाराज ने कहा कि भगवान अनंत हैं, उनका चरित्र अनंत है, उनकी लीला अनंत है। फिर भी भगवान के उन अनंत चरित्रों में जितना चरित्र चिंतन हम कर लें, उससे हमारे चरित्र का निर्माण होता है। भगवान के चरित्र का चिंतन करने का उद्देश्य यही है कि हमारा चरित्र सुधर जाए। भगवान का चरित्र वो दर्पण है, जिस दर्पण में हम अपना सुधार कर लें। दर्पण कभी झूठ नहीं बोलता। दर्पण के सामने खड़े होकर हम गड़बड़ को सुधार करते हैं, उसी प्रकार भगवान श्रीराम का चरित्र ऐसा निर्मल दर्पण है, जिस दर्पण में हम अपने चरित्र को देखें कि हमारी क्या गलतियां हैं, रामजी ने क्या किया वो हम करें, या उन्होंने क्या नहीं किया वो हम ना करें, यह देखकर रामचरित्र के दर्पण में हम अपने जीवन का सुधार कर लें, यही कथा सुनने का फल है। अपने आपको हम पवित्र कर लेंगे। गोपालकृष्णमाचार्य जी ने कहा कि संसार के लोग व्यवहार को देखते हैं, लेकिन भगवान भाव को देखते हैं। आपका भाव बहुत अच्छा हो, लेकिन व्यवहार में आप चूक गए तो संसार में आप सफल नहीं हो सकते और अगर भगवान के साथ व्यवहार में चूक गए तो कोई बात नहीं, यदि भाव आपका ठीक रहा तो काम चल जाएगा।कथा से पूर्व यजमान लक्ष्मी न्यायापति ने व्यासपीठ का पूजन किया। यह आयोजन श्री वेंकाटाचार्य वैदिक संस्थान के तत्वावधान में हो रहा है। कार्यक्रम हनुमान बाग सेवा संस्थान के सानिध्य में सम्पादित हो रहा है।इस महाउत्सव को हनुमान बाग के महंत जगदीश दास महाराज का सानिध्य प्राप्त हो रहा है। इस मौके पर मंदिर के व्यवस्थापक सुनील दास, रोहित शास्त्री सहित दक्षिण से हजारों भक्त इस महाउत्सव में शामिल हुए।

Tags :

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें