: जानकी महल ट्रस्ट में दुल्हा सरकार के जन्मोत्सव का छाया उल्लास
Tue, Apr 9, 2024
108 वैदिक आचार्य कर रहे नवाह पारायण पाठ,तो देर शाम बज रही बधाईयां
नवाह पारायण पाठ करते भक्त
महल में बने नूतन आधुनिक भव्य भोजनालय का आज हुआ शुभारंभ
अयोध्या। जानकी महल ट्रस्ट में रामजन्मोत्सव इस बार बेहद भव्य मनाए जाने की तैयारियां हैं। दुल्हा सरकार व किशोरी जी के लिए खास नूतन वस्त्र और आभूषण पहनाएं जाऐंगे। पूरे मंदिर को फूलों से सजाया जा रहा है। ट्रस्टी आदित्य सुल्तानियां ने बताया कि गर्भगृह सहित पूरे मंदिर परिसर की प्रकाश और फूलों से सजावट की कई है। उन्होंने बताया कि राम जन्मोत्सव पर कुंतलों प्रसाद का विरतण होगा जो फल और फलाहारी वस्तुओं से बना होगा। पूरे महल को सजाया जा रहा है। ट्रस्टी आदित्य सुल्तानियां कहते है रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद अयोध्या का हर कोना उल्लास से भर उठा है। हर ओर एक दिव्य अनुभूति हो रही है। उन्होंने कहा कि इस तरह का वातावरण पहली बार देखने को मिल रहा है। उन्होंने बताया कि इस बार का राम जन्मोत्सव में शामिल होना बहुत ही सौभाग्य की बात है। हम सभी परम आनंद की अनभूति कर रहे हैं। महल में बने नूतन आधुनिक भव्य भोजनालय का आज शुभारंभ किया गया। इस भोजनालय में करीब सौ भक्त एक साथ प्रसाद ग्रहण कर सकते है।
ट्रस्टी आदित्य सुल्तानियां
: हिंदू धाम में बहेगीश्रीराम कथा की रसधार
Tue, Apr 9, 2024
ब्रह्मर्षि डॉ रामविलास दास वेदांती ने डेढ़ दशक से अधिक श्रीराम को साक्षी मानकर बजरंगबली को रामकथा पर केंद्रित राम कथा सुनाई
यह अवसर श्री राघवेंद्र सरकार से पुकार करने का ही नहीं, बल्कि उनके प्रति कृतज्ञता का महोत्सव मनाने का है: महंत डॉक्टर राघवेशदास
अयोध्या। राम जन्मभूमि मंदिर में भगवान रामलला विराजमान हो गयें इसी के साथ सदियों पुरानी साध पूरी करने के लिए ब्रह्मर्षि डॉ रामविलास दास वेदांती ने डेढ़ दशक से अधिक समय तक राम नगरी में श्रीराम को साक्षी मानकर बजरंगबली को राम कथा पर केंद्रित राम कथा सुनाई। इस अवधि में डॉ वेदांती ने बालकांड से लेकर किष्किंधा कांड तक की विस्तृत मीमांसा की।
जिस स्वप्न के लिए डॉ वेदांती जी रामकथा की भावधारा प्रवाहित कर रहे है, वह भी साकार हो रहा है। इस स्वर्णिम सुयोग के बीच डॉ वेदांती रामकथा के सर्वाधिक रमणीय प्रसंग के रूप में विवेचित सुंदरकांड को विषय बना कर रामकथा की रस वर्षा करेंगे । उनके नौ दिवसीय प्रवचन का प्रारंभ चैत्र शुक्ल प्रतिपदा यानी मंगलवार से हो रहा है । नया घाट स्थित हिंदू धाम के प्रांगण में 17 अप्रैल तक प्रस्तावित प्रवचन का समय शाम 5 बजे से रात्रि 8 बजे तक संयोजित है। डॉ वेदांती के शिष्य एवं उत्तराधिकारी महंत डॉक्टर राघवेशदास के अनुसार यह अवसर श्री राघवेंद्र सरकार से पुकार करने का ही नहीं है, बल्कि उनके प्रति कृतज्ञता का महोत्सव मनाने का है और आज श्री राम की ही कृपा से मंदिर निर्माण के रूप में असंभव संभव हो रहा है। यद्यपि राम मंदिर के लिए चले व्यापक आंदोलन में डॉ रामविलास दास वेदांती की अग्रणी भूमिका रही है। राम जन्मभूमि न्यास के कार्यकारी अध्यक्ष से लेकर दो दो बार लोकसभा सदस्य के रूप में उन्होंने राम मंदिर का मुद्दा सड़क से लेकर संसद तक स्थापित किया और आज मंदिर निर्माण के दौर में उनकी कृतज्ञता रामकथा के रूप में अर्पित होते देखना रोचक होगा।
: नवसंवत्सर की पूर्व बेला संतों ने किया रामकोट की परिक्रमा
Tue, Apr 9, 2024
जय श्री राम के गगनभेदी उद्घोष संग संतों ने किया परिक्रमा, पूरा माहौल भक्तिमय रहा, जिसमें संत-महंत, रामभक्त पूरी तरह रमे रहे
अयोध्या ।प्रति वर्ष की भांति इस वर्ष भी भारतीय नववर्ष अर्थात नवसंवत्सर की पूर्व बेला पर विक्रमादित्य महोत्सव समिति के तत्वाधान में संत-महंतों ने पौराणिक रामकोट की परिक्रमा किया। परिक्रमा में आमजन की भी अच्छी खासी भागीदारी रही। सर्वप्रथम मातगैंड़ चौराहा स्थित मत्तगयंद बाबा के स्थान पर संतों ने पूजन-अर्चन एवं आरती किया। उसके बाद मत्तगजेंद्र बाबा के पौराणिक स्थान से अपनी परिक्रमा प्रारंभ की। जो कुछ ही घंटों में आकर उसी स्थान पर समाप्त हुई। जय श्री राम के गगनभेदी उद्घोष संग संतों ने रामकोट परिक्रमा किया। पूरा माहौल भक्तिमय रहा, जिसमें संत-महंत, रामभक्त पूरी तरह रमे रहे। उनकी खुशी देखते हुए बन रही थी। चहुंओर हर्षोल्लास का वातावरण छाया रहा। रास्ते में जगह-जगह पुष्प वर्षा कर परिक्रमार्थियों का स्वागत किया गया। परिक्रमा में पूर्व राज्यसभा सांसद विनय कटियार, महंत कमलनयन दास, महंत मैथिलीरमण शरण, महंत चंपत राय, अधिकारी राजकुमार दास, महंत वैदेहीवल्लभ शरण, महंत जन्मेजय शरण, महंत अवधेश कुमार दास, महापौर महंत गिरीशपति त्रिपाठी, डा. अनिल मिश्रा, संकटमोचन सेना राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय दास, महंत बलराम दास, पहलवान राजेश दास,वरिष्ठ पुजारी हेमंत दास, महंत जयराम दास, पूर्व महापौर ऋषिकेश उपाध्याय, महंत संजय दास के निजी सचिव शिवम श्रीवास्तव,महंत रामशरण दास रामायणी, महंत मनीष दास, महंत शशिकांत दास, महंत रामप्रकाश दास, महंत सीताराम दास, महंत अवधकिशोर शरण, महंत रामलोचन शरण, महंत प्रियाप्रीतम शरण, महंत रामानुज शरण, महंत रामकुमार दास, पुजारी रमेश दास, नागा कृष्णकुमार दास, हेमंत दास, प्रांत प्रचारक कौशल, भाजपा नेता अभिषेक मिश्रा, महानगर अध्यक्ष कमलेश श्रीवास्तव, रवि दास, गोपाल जी, महंत शैलेश दास, महंत रामकृष्ण दास आदि शामिल रहे।