Friday 21st of August 2026

ब्रेकिंग

स्वतंत्रता दिवस पर रायगंज स्थित स्वामी नारायण मंदिर में भगवान राधाकृष्ण व स्वामी नारायण का विशेष श्रृंगार,दर्शन को उमड़े

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के राष्ट्रीय प्रवक्ता व संकट मोचन सेना अध्यक्ष महंत संजय दास के नेतृत्व व श्रृंगी ऋषि आश्रम

रंग महल में झूले पर विराजे अवधविहारी-विहारिणी को पुष्पों एवं पुष्पलड़ियों से इस कदर आच्छादित किया गया कि फूल-बंगला बन गया

23वीं पुण्यतिथि के उपलक्ष्य में दिगंबर अखाड़ा में श्रद्धा, स्मृति और भक्ति का त्रिवेणी संगम हुआ

महर्षि वाल्मीकि अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से लेकर हनुमानगढ़ी और नंदिनी नगर तक जगह-जगह हुआ अभिनंदन, संतों, जनप्रतिनिधियों

सुचना

Welcome to the DNA Live, for Advertisement call +91-9838302000

: सेवा दिवस के रुप में मनी स्व बालेश्वर राय की प्रथम पुण्यतिथि

बमबम यादव

Tue, Jul 22, 2025
सेवा दिवस के रुप में मनी स्व बालेश्वर राय की प्रथम पुण्यतिथि प्रसिद्ध पीठ श्री कंचन भवन में संतों ने दी श्रद्धांजलि, हुआ अखंड रामायण पाठ व विशाल भंडारा पिता श्री ने सेवा को ही अपना धर्म माना और उसी को अंगीकार किया: महंत विजय दास अयोध्या समाचार अयोध्या । रामनगरी की ऐतिहासिक एवं प्राचीन पीठ कंचन भवन ऋणमोचन घाट परिक्रमा मार्ग में स्व. बालेश्वर राय की प्रथम पुण्यतिथि सेवा दिवस के रूप में मनाई गई। इस अवसर पर अखंड रामायण के पाठ संग कई धार्मिक अनुष्ठान और सेवा प्रकल्प के कार्य संचालित हुए। पुण्यतिथि महोत्सव पर अयोध्या नगरी के विशिष्ट संत-महंतों समेत जिले के कई गणमान्य जन सम्मिलित हुए। जिन्होंने स्व. बालेश्वर राय के चित्रपट पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। साथ ही उनके कृतित्व-व्यक्तित्व पर प्रकाश भी डाला। इस अवसर पर कंचन भवन के वर्तमान पीठाधीश्वर महंत विजय दास महाराज ने बताया कि मंदिर में पिता श्री स्व. बालेश्वर राय की प्रथम पुण्यतिथि निष्ठापूर्वक मनाई गई। संतों एवं विशिष्टजनों ने उन्हें श्रद्धा से याद किया। पुण्यतिथि महोत्सव को सेवा दिवस का नाम दिया गया था। जिस पर भंडारा समेत कई सेवा के कार्य किए गए। पिता श्री ने सेवा को ही अपना धर्म माना और उसी को अंगीकार किया। सेवा ही परमोधर्मा के मार्ग पर चलते रहे। उनका मानना था कि सेवा ही परमधर्म है। उससे बढ़कर और कोई दूसरा धर्म नही है। उनके दिशा-निर्देशन में कई सेवा के कार्य संचालित भी हुए। जिनमें बहुत से सेवा प्रकल्प के कार्य आज भी चल रहे हैं। वह आज हमारे बीच में नही हैं। लेकिन उनकी यश और कीर्ति सदैव हम सबके साथ रहेगी। भविष्य में उनके रिक्त स्थान की पूर्ति कभी नही की जा सकती है। पुण्यतिथि पर काफी संख्या में संत-महंत, विशिष्ट एवं भक्तजनों ने प्रसाद पाया। अंत में कंचन भवन पीठाधिपति महंत विजय दास महाराज ने पधारे हुए संत-महंत, धर्माचार्यों का अंगवस्त्र ओढ़ाकर स्वागत-सम्मान किया और भेट, विदाई दी। इस मौके गुरुनानक गोविंदधाम गुरुद्वारा नजरबाग के जत्थेदार बाबा महेंद्र दास, सेवादार नवनीत सिंह, मामा दास, नागा सूर्यभान दास, पुजारी उपेंद्र दास, पहलवान मनोज दास, प्रहलाद शरण, संतदास, भाजपा नेता अभिषेक मिश्रा, पूर्व जिपं अध्यक्ष करूणाकर पांडेय, पूर्व जिपं सदस्य डिप्पुल पांडेय, संजय सिंह, पवन धर दूबे, पार्षद अंकित त्रिपाठी, रामदेव पहलवान आदि समेत हजारों लोग मौजूद रहे।

Tags :

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें